विप्रो के शेयरों में तेज गिरावट
विप्रो के शेयर सोमवार को 8% गिर गए, जिससे निवेशकों में भारी हड़कंप मच गया। कंपनी ने अपने Q1 वित्तीय परिणाम जारी किए, जिससे स्पष्ट हुआ कि आईटी प्रमुख ने सालाना 5.21% की वृद्धि दर्ज की है। विप्रो का शुद्ध लाभ 3,036.60 करोड़ रुपये पर पहुँच गया, जबकि पिछले वर्ष की इसी तिमाही में यह 2,886 करोड़ रुपये था।
हालांकि, वित्तीय परिणामों के बावजूद, राजस्व में 3.79% की गिरावट दर्ज की गई। जून 2024 की तिमाही में कंपनी का राजस्व 21,963.80 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वर्ष की तुलनात्मक तिमाही में 22,831 करोड़ रुपये था।
आईटी सेवाओं का प्रदर्शन
विप्रो की आईटी सेवा राजस्व 21,896 करोड़ रुपये रही। इसका मतलब है कि कंपनी के आईटी सेवाओं के क्षेत्र में थोड़ी कमी आई है। बंबई शेयर बाजार (बीएसई) पर विप्रो के शेयर 7.87% गिरकर 513.35 रुपये पर बंद हुए।
इस भारी गिरावट की वजह से कंपनी की बाजार पूंजीकरण घटकर 2.69 लाख करोड़ रुपये हो गई। विप्रो का सापेक्ष शक्ति सूचकांक (RSI) 67.3 पर खड़ा है, जो यह बताता है कि स्टॉक न ही ओवरसोल्ड है और न ही ओवरबॉट।
आगामी तिमाही के अनुमान
विप्रो की आईटी सेवाओं के राजस्व का अनुमान अगले तिमाही के लिए 2,600 मिलियन से 2,652 मिलियन डॉलर के बीच है। यह अनुक्रमिक मार्गदर्शन -1% से 1% के बीच है।
डॉलर के हिसाब से भी कंपनी के आय में गिरावट आई। आईटी सेवाओं के खंड में राजस्व 1.2% गिरकर 2,625.9 मिलियन डॉलर रहा, जबकि साल-दर-साल आधार पर यह 5.5% की गिरावट थी। स्थिर मुद्रा (CC) की बात करें तो, आईटी सेवाओं के खंड में राजस्व 1% तिमाही-दर-तिमाही (QoQ) और 4.9% साल-दर-साल (YoY) की गिरावट दर्ज की गई।
ऑपरेटिंग मार्जिन में सुधार
कंपनी का आईटी सेवाओं का ऑपरेटिंग मार्जिन 16.5% रहा, जो कि तिमाही-दर-तिमाही 0.1% और साल-दर-साल 0.4% की वृद्धि थी। विप्रो ने संकेत दिया है कि कंपनी आने वाले समय में और सुधार की उम्मीद कर रही है।
ब्रोकरेज फर्मों की प्रतिक्रिया
विप्रो के वित्तीय परिणामों पर विभिन्न ब्रोकरेज फर्मों ने अलग-अलग प्रतिक्रिया दी है। नुवामा ने 557 रुपये का मूल्य लक्ष्य देते हुए 'होल्ड/एसएन' कॉल बनाए रखा है।
वहीं, चॉइस ब्रोकिंग ने अपनी रेटिंग को 'रेडूस' कर दिया है और 558 रुपये का संशोधित लक्ष्य मूल्य दिया है। इसके अलावा, मोतीलाल ओसवाल ने अपना मूल्य लक्ष्य 10% घटाकर 500 रुपये कर दिया और न्यूट्रल कॉल बनाए रखा।
इस गिरावट के बावजूद, विप्रो ने भविष्य में बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद जताई है। कंपनी के इन प्रयासों को देखना होगा कि वे निवेशकों का भरोसा दोबारा कैसे जीतते हैं।
7 टिप्पणि
Aila Bandagi
जुलाई 23, 2024 AT 09:45ये गिरावट तो बस एक झटका है, बाजार तो ऐसे ही चलता है। विप्रो का लाभ तो बढ़ रहा है, राजस्व थोड़ा घटा है, लेकिन मार्जिन अच्छा है। इसका मतलब है कि वो सही दिशा में जा रहे हैं। बस थोड़ा धैर्य रखो, अगली तिमाही में रिकवरी आएगी।
Abhishek gautam
जुलाई 24, 2024 AT 11:37अरे भाई, ये सब तो बस एक नाटक है। जब तक हम एक ऐसे व्यवस्था में रहेंगे जहाँ लाभ की गिनती तो होती है, लेकिन वास्तविक मूल्य सृजन नहीं, तब तक ये सब बस एक भ्रम होगा। विप्रो का RSI 67.3 है? ये तो बस एक गणितीय छल है, जिसे ब्रोकर्स बेच रहे हैं। हम लोग तो उनके गेम में खेल रहे हैं, जबकि वो बाहर खड़े हैं और हमारे पैसे को अपने बैंक खाते में डाल रहे हैं। ये निवेश नहीं, ये एक नियमित चोरी है।
Imran khan
जुलाई 25, 2024 AT 17:21देखो, ये गिरावट बहुत बड़ी नहीं है। आईटी सेक्टर में सब कुछ अभी अस्थिर है। विप्रो का ऑपरेटिंग मार्जिन बढ़ रहा है, ये बहुत अच्छी बात है। अगर आप लंबे समय के लिए इन्वेस्ट कर रहे हैं, तो ये एक बढ़िया अवसर है। बस अच्छे टाइमिंग पर खरीद लो। और हाँ, डॉलर की बात तो सच है - एक्सचेंज रेट वाली चीजें अभी बहुत बदल रही हैं।
Neelam Dadhwal
जुलाई 27, 2024 AT 05:24ओहो! विप्रो ने लाभ बढ़ाया? बस एक बार फिर ब्रोकर्स के गुरु का जादू चल गया! राजस्व घटा, मार्जिन बढ़ा - ये तो बस अकाउंटिंग ट्रिक्स हैं! अगर आप वास्तविक बिजनेस को देखें, तो ये कंपनी धीरे-धीरे बर्बाद हो रही है। मोतीलाल ओसवाल का 500 रुपये का लक्ष्य तो बिल्कुल सही है। ये शेयर अभी भी ओवरवैल्यूड है। ये सब बस एक निवेशक को धोखा देने का खेल है।
Sumit singh
जुलाई 27, 2024 AT 06:58मैं तो बस ये कहना चाहता हूँ - जो लोग अभी खरीद रहे हैं, वो अपने पैसे को गंवा रहे हैं। ये कंपनी अब बस एक राजनीतिक टूल है। ब्रोकर्स तो अपनी कमीशन के लिए बोल रहे हैं। आपको ये नहीं पता कि ये लोग कितने बड़े लार्ज इन्वेस्टर्स के साथ जुड़े हैं? ये गिरावट बस शुरुआत है। जल्द ही ये 450 तक आ जाएगा। 😔
fathima muskan
जुलाई 27, 2024 AT 22:03अरे भाई, ये सब तो CBI के लिए एक खुला चिट्ठा है! विप्रो के फाइनेंशियल्स में जो बदलाव हुए, वो क्या आपको लगता है ये अचानक हुए? नहीं भाई, ये सब डीप लर्निंग एल्गोरिदम और बैंकिंग गुप्तचरों का नतीजा है। वो जानते हैं कि अगले तिमाही में एक बड़ा क्लाइंट चला जाएगा - और उन्होंने बाजार को जानबूझकर डरा दिया! ये शेयर गिरावट एक रिस्क मैनेजमेंट स्ट्रैटेजी है। ये सब बस एक गूगल बॉट की नियुक्ति का नतीजा है। 🤖
Devi Trias
जुलाई 27, 2024 AT 22:29विप्रो के Q1 परिणामों के विश्लेषण के आधार पर, आईटी सेवाओं का राजस्व तिमाही के आधार पर 3.79% कम हुआ है, जबकि शुद्ध लाभ 5.21% बढ़ा है। इसका मुख्य कारण ऑपरेटिंग मार्जिन में 0.1% की वृद्धि है, जो लागत नियंत्रण के उत्कृष्ट प्रयासों को दर्शाता है। ब्रोकरेज फर्मों के लक्ष्य मूल्यों में विविधता बाजार के अनिश्चितता को दर्शाती है। निवेशकों को लंबी अवधि के दृष्टिकोण से निर्णय लेना चाहिए।